Coronavirus Lockdown:कोरोना से मुकाबले में तकनीक का सहारा- Aarogya Setu App 13 दिन में 5 करोड़ लोगों तक पहुंचा

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Aarogya Setu App

Aarogya Setu App : Coronavirus रोगियों पर नज़र रखने के लिए विकसित सरकार का मोबाइल ऐप Aarogya Setu App ने मिसाल कायम की है। नीति आयोग के चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (सीईओ) अमिताभ कांत ने बुधवार को कहा कि सरकार के Aarogya Setu App के यूजर्स की संख्या केवल 13 दिनों में 5 करोड़ पहुंच गई है। केवल 13 दिनों में ही आरोग्य सेतु को 5 करोड़ लोगों ने डाउनलोड कर लिया है। इस लिहाज से यह 5 करोड़ डाउनलोड तक पहुंचने वाला दुनिया का सबसे तेज ऐप बन गया है।

Aarogya Setu App

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल को राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में लोगों से Aarogya Setu App डाउनलोड करने की अपील की थी। उन्होंने कहा है कि Coronavirus के फैलाव को रोकने के लिए Aarogya Setu मोबाइल एप को जरूर डाउनलोड करें। Aarogya Setu App को कोरोना वायरस मरीजों को ट्रैक करने के लिए विकसित किया गया है। अमिताभ कांत ने ट्विटर पर लिखा है- दुनिया भर में 5 करोड़ लोगों तक पहुंचने में टेलीफोन को 75 साल लग गए, रेडियो को 38 साल, टेलीविजन को 13 साल, इंटरनेट को 4 साल, फेसबुक को 19 महीने, पोकेमान ने 19 दिन वहीं COVID-19 से लड़ने के लिए बनाए गए भारत का Aarogya Setu App केवल 13 दिनों में 5 करोड़ लोगों तक पहुंच गया। दुनियाभर में ऐसा करने वाला यह सबसे तेज ऐप है।

Aarogya Setu App

Aarogya Setu App को Coronavirus के संक्रमण को रोकने के लिए उद्देश्य से बनाया गया है। Aarogya Setu App लोगों को बताएगा कि आप किसी कोरोना संक्रमित शख्स के संपर्क में आए हैं या नहीं। Aarogya Setu App डाउनलोड करने वाले व्यक्ति को ऐसे किसी भी शख्स के बारे में तुरंत अलर्ट मिल जाता है, जो उस इलाके में Coronavirus से संक्रमित पाया गया हो। इसके अलावा इस एप से आप यह भी पता लगा सकते हैं कि आपको कोरोना संक्रमण का कितना खतरा है।आरोग्य सेतु एप को हिंदी, अंग्रेजी और मराठी समेत 11 भाषाओं में उपलब्ध है। इस एप में कोरोना वायरस के रोकथाम के भी तरीके बताए गए हैं।

Aarogya Setu App

इसके अलावा यह एप आपकी लोकेशन और ट्रैवल हिस्ट्री के आधार पर बताएगा कि आपको कोरोना संक्रमण का खतरा है या नहीं। Aarogya Setu App आपको यह बताने के लिए आप जोखिम में हैं, ब्लूटूथ और जीपीएस का इस्तेमाल करता है। जहां जीपीएस रियल टाइम में व्यक्ति की लोकेशन को ट्रैक करता है, ब्लूटूथ जब व्यक्ति नोवल कोरोना वायरस से संक्रमित किसी व्यक्ति के नजदीक आने पर ट्रैक करेगा। यह 6 फीट तक की दूरी पर आने पर ट्रैक करता है।
जिला प्रशासन ने भी सभी शैक्षणिक संस्थानों और विभागों से यह ऐप डाउनलोड करने की अपील की है। ऐप को प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा नीति आयोग और इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय की सक्रिय भागीदारी के साथ गठित एक समिति के तहत विकसित किया गया था। सूत्रों के अनुसार, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज आरोग्य सेतु एप के कुछ दूसरे पहलुओं पर परीक्षण कर रही है, जबकि टेक महिंद्रा और महिंद्रा समूह इस ऐप के अगले संस्करण पर काम कर रहा है।
टेक महिंद्रा सभी तरह के फोन पर Aarogya Setu App की पहुंच बढ़ाने पर भी काम कर रहा है। Aarogya Setu App का वर्तमान संस्करण केवल स्मार्टफ़ोन पर उपयोग के लिए फिट है।

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